अर्जुन बहुत दयालु हैं। वह न केवल खुद को हमेशा कृष्ण भावनामृत में रखने में रुचि रखते हैं, उन्हें इस बात की भी चिंता है कि आम तौर पर भौतिकवादी लोग अपने मन को कृष्ण भावनामृत में कैसे लीन कर सकते हैं।
इस सप्ताह के लिए कार्य
भगवद-गीता यथा रूप अध्याय 10, श्लोक 17 को ध्यान से पढ़ें और इस प्रश्न का उत्तर दें:
अर्जुन कृष्ण से यह क्यों जानना चाहता था कि उनकी विविध भौतिक अभिव्यक्तियों को कैसे समझा जा सकता है?
अपना उत्तर ईमेल करें: hindi.sda@gmail.com
(कृपया पाठ संख्या, मूल प्रश्न और भगवद गीता अध्याय और श्लोक संख्या को अपने उत्तर के साथ अवश्य शामिल करें)
